रिपोर्ट – परवेज आलम
प्रमसा की टीम पहुंची पूरेखगन, बहुओं के साथ रात गुजारने वाले दबंग के खिलाफ़ कार्रवाई की किया मांग
सैकड़ों ने की शिकायत, रपट न लिखने पर संघर्ष की तैयारी भरी हुंकार :
घूरपुर। प्रगतिशील महिला संगठन व अखिल भारतीय किसान मजदूर सभा के एक जांच दल बुधवार के दिन घूरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम पूरेखंगन का दौरा कर गांव के दबंग पशु चिकित्सक की अभद्रता की जांच की। जांच दौरान सैकड़ों महिलाओं और पुरुष, नौजवान व बुजुर्गों ने एकत्र होकर दुर्व्यहार की गाथा का बयान किया। आक्रोशित भीड़ ने पुलिस के खिलाफ़ नारेबाजी की।
जांच दल ने बताया कि जांच में पता चला कि पूरेखंगन गांव में हाल में सम्पन्न दुर्गा पूजा के दौरान आपसी विवाद से क्रोधित आरोपित एक दबंग ने गांव के सैकड़ों साल पुराने मां काली चौरा पर अपना मालिकाना हक का दावा ठोक दिया। और गांव वालों के प्रति अभद्र शब्दों का प्रयोग करते हुए मांग की कि, जो भी नवविवाहित बहु शादी के बाद चौरा पर पूजा करने जाएगी उसे पहली रात उसके साथ गुजारनी पड़ेगी। परम्परा है कि काली मां चौरा को, जो एक सामुहिक स्थान है, सभी नवविवाहित व और ग्रामवासी ग्राम देवी के रुप में पूजते हैं।
लोगों ने बताया कि आरोपित का घर गांव के आम रास्ते पर है और जब भी महिलाएं गुजरती हैं तो ये अकारण ही अपशब्दों का इस्तेमाल करता है और बुरी नजरों से उन्हें देखता है। गरीबों को मारने, पीटने और महिलाओं के साथ दुर्व्यहार की छोटी मोटी घटनाएं इसके आम व्यवहार का हिस्सा है। इस पृष्ठभूमि में इस घटना को लेकर गांव के लगभग सौ लोगों ने थाना घूरपुर में 11 नवम्बर को लिखित शिकायत दी पर थानेदार संजीव कुमार चौबे ने कार्यवाही करने की जगह गांव में एसआई को भेजकर समझौता कराने का प्रयास किया। घूरपुर थाना प्रभारी के प्रति ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ता जा रहा। इन संगठनों के हस्तक्षेप के बाद मामला गरमा गया है। इसके वावजूद भी कार्यवाई नही की गई तो स्थानीय प्रशासन के गले की फांस बन सकती है।
ग्राम सभा के आक्रोशित महिला व पुरुषों ने यह निर्णय लिया है कि यदि कोई प्रशासनिक कार्यवाही आरोपित के खिलाफ नहीं होती है तो वे 17 नवम्बर को सभा करके संघर्ष को आगे बढ़ायेंगे। प्रमस ने योगी शासन में इस मनुवादी उत्पीड़न की निंदा की और सख्त कार्रवाई की मांग की है।
बैठक में ग्राम सभा के यज्ञभान सिंह, राम शिरोमणि, संतोष सिंह, सुशील सिंह, रघुराज सिंह, आर.डी. पटेल, फूलकली देवी, ननकई, रानी देवी, कुलवंती देवी, व अन्य महिलाएं उपस्थित थीं। साथ ही जांच दल सदस्य प्रगतिशील महिला संगठन की शबनम, सरस्वती देवी, एआईकेएमएस के विनोद निषाद भी उपस्थित थे।
