फतेहपुर। निषाद पार्टी व भारतीय जनता पार्टी अटूट गठबंधन के साथ एक दूसरे के साथ है। विधानसभा चुनाव 2022 में सीट को लेकर दोनों ही दल आपसी समन्वय के साथ बंटवारा करेगे। जनपद की चार विधानसभा सीटों सहित प्रदेश में 70 सीटे निषाद पार्टी चुंनाव लड़ने की मांग करेगी। विधानसभा चुनाव की तैयारियों व समाज को एकजुट करने को 15 सितम्बर से राजधानी लखनऊ से संकल्प समाज उत्थान नामक रथ यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा एक माह में 25 हज़ार किलोमीटर की दूरी तय कर वापस लखनऊ के रामबाई अंबेडकर मैदान में समापन होगी। उक्त बातें निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ निषाद ने पत्रकारों से वार्ता के दौरान कही।
शनिवार को निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. संजय निषाद ने पत्थरकटा चौराहा सिविल लाइन स्थित एक मैरिज लॉन में पत्रकारों से रूबरू होते हुए बताया कि अंग्रेज़ों को देश से खदेड़ने व देश की आज़ादी में महती भूमिका। अदा करने एवं संविधान को बनाने में अहम रोल रखने वाले मछुवारा समाज की राजनैतिक पार्टियों द्वारा आज भी उपेक्षा की का रही है। निषाद पार्टी समाज को एकजुट कर सत्ता की ताकत दिलाने के लिए संकल्पित है। समाज को अधिकार दिलाने के लिए उनकी पार्टी व भारतीय जनता पार्टी का गठबंधन है। समाज को उसका अधिकार दिलाने व जागरूक करने के लिए 15 सितम्बर को संकल्प समाज उत्थान यात्रा रथ यात्रा शुरू की जाएगी। एक माह के अंतराल में यात्रा प्रदेश के सभी जिलों से होते हुए 25 हज़ार किलोमीटर की दूरी तय कर राजधानी लखनऊ स्थित रमाबाई मैदान में समाप्त होगी। कहा कि उन्हें प्रदेश की 170 निषाद समुदाय बाहुल्य सीटों से ही नहीं बल्कि उत्तर प्रदेश की 403 सीटों से निषाद पार्टी को जनता का समर्थन हासिल है। विधानसभा चुनावों में निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल निषाद पार्टी एवं निषाद समाज के बिना कोई सरकार नहीं बनेगी। प्रदेश में निषाद पार्टी किंगमेकर की भूमिका अदा करेगी। उन्होंने बताया कि 2019 में निषाद पार्टी व भाजपा का गठबंधन वंचित समाज को उनके अधिकार को दिलाए जाने की शर्त पर हुआ था। यदि समाज के मुद्दों का हल नहीं किए जाते तो समाज का जो भी निर्णय होगा, उसे पार्टी मानेगी। कहा कि निषाद समुदाय उनकी पार्टी के साथ है। इस बात का एहसास बीजेपी, सपा, कांग्रेस, बसपा समेत सभी राजनैतिक दलों को अच्छे से है। आगामी चुनावों में निषाद समुदाय मतदान से पूर्व अपने अपने हक अधिकार का ध्यान रखेगा। तत्पश्चात उन्होने कार्यकर्ताओं के साथ संवाद कर आगामी विधानसभा चुनाव में निषाद समुदाय को एकजुट करने के टिप्स दिए।
