रिपोर्ट – जुनैद खान
बहराइच :- बिछिया-सुजौली मार्ग पर कारीकोट हजारी पुरवा गांव के पास स्थित अनवर वारसी के फार्महाउस के सामने पुलिया में छिपे तेंदुए ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी। शाम चार बजे के आसपास पुलिया में तेंदुआ छिपा हुआ देखा गया, जिसकी सूचना जंगल विभाग को दी गई।
सूचना मिलते ही कतर्नियाघाट रेंज के वन दरोगा अरविंद गौतम, फॉरेस्ट गार्ड अब्दुल सलाम, वॉचर कमलेश यादव, अनु शुक्ला, शिवकुमार यादव और निशानगाड़ा रेंज के वन दरोगा मुनीश कुमार व वन रक्षक कौशल किशोर सिंह सहित पूरी टीम मौके पर पहुंच गई।
घटना के दौरान तेंदुआ एक बार पुलिया से बाहर निकलकर ग्रामीणों की ओर दौड़ा, जिससे अफरा-तफरी मच गई। हालांकि वह फिर से पुलिया में जाकर छिप गया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण वहां एकत्र हो गए। भीड़ को नियंत्रित करने में बाघ मित्र राजेश मौर्य ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जो सबसे पहले मौके पर पहुंचे और लगातार चार घंटे तक लोगों को संयम में रखा।
सावधानी बरतते हुए वन विभाग ने सड़क के दोनों ओर आवागमन रोक दिया और इलाके को पूरी तरह से सील कर दिया। तेंदुए की हरकतों पर नजर रखी जा रही थी।
करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद रात आठ बजे अंधेरा होने के साथ ही वन विभाग की टीम ने तेंदुए को पिंजरे में सुरक्षित रूप से कैद कर लिया। इस पूरे अभियान में WWF (वर्ल्ड वाइल्ड फंड) की टीम के फील्ड असिस्टेंट मंसूर अली और WTI (वाइल्डलाइफ ट्रस्ट ऑफ इंडिया) से संजय सिंह भी मौके पर मौजूद रहे।
गनीमत रही कि इस घटना में किसी को कोई नुकसान नहीं हुआ। तेंदुए को सुरक्षित पकड़ने के बाद उसे वन विभाग द्वारा जंगल में छोड़े जाने की प्रक्रिया की जा रही है।
वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि जंगली जानवरों को देखकर घबराएं नहीं और तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचना दें, ताकि ऐसे घटनाओं से सुरक्षित निपटा जा सके।
