रिपोर्ट – परवेज आलम
प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ के दौरान श्रद्धालुओं से अवैध वसूली करने वाले 15 बाइकर्स को एयरपोर्ट पुलिस ने गिरफ्तार किया है। ये बाइकर्स दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं को महाकुंभ स्थल तक पहुंचाने के नाम पर एक हजार से पांच हजार रुपए तक की वसूली कर रहे थे। पुलिस ने इन सभी आरोपियों की बाइक सीज कर ली है और उनसे पूछताछ जारी है। इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस ने विशेष अभियान चलाकर श्रद्धालुओं को ऐसे ठगों से सावधान रहने की अपील की है।
कैसे करते थे श्रद्धालुओं से ठगी?
जानकारी के अनुसार, महाकुंभ में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है, और इसी का फायदा उठाकर कुछ बाइकर्स उन्हें लूटने में लगे थे। श्रद्धालुओं के वाहनों को पार्किंग में रोकने के बाद ये बाइकर्स उन्हें यह कहकर बहला-फुसला रहे थे कि महाकुंभ स्थल तक वाहन नहीं जा सकते और केवल बाइक से ही वहां पहुंचा जा सकता है। इस बहाने ये श्रद्धालुओं से मनमानी रकम वसूल कर रहे थे।
एयरपोर्ट थाना के इंस्पेक्टर अरुण कुमार सिंह को जैसे ही इस घटना की जानकारी मिली, उन्होंने तत्काल कार्रवाई करते हुए बाइकर्स गैंग के खिलाफ विशेष अभियान चलाया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया और उनकी सभी बाइक जब्त कर लीं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में और भी लोगों की संलिप्तता हो सकती है, इसलिए आगे जांच की जा रही है।
श्रद्धालुओं की अनभिज्ञता का उठा रहे थे फायदा
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि ये बाइकर्स खासकर उन श्रद्धालुओं को निशाना बना रहे थे, जो पहली बार महाकुंभ में शामिल होने आए थे और रास्तों की जानकारी नहीं रखते थे। इन श्रद्धालुओं को गुमराह कर ये उनसे 1000 से 5000 रुपये तक की अवैध वसूली कर रहे थे।
महाकुंभ में श्रद्धालु बड़ी संख्या में देश-विदेश से आते हैं, और ऐसे मौकों पर इस तरह की घटनाएं आम हो जाती हैं। पुलिस ने श्रद्धालुओं को जागरूक करने के लिए विभिन्न माध्यमों से प्रचार-प्रसार करने का फैसला किया है ताकि वे किसी भी अज्ञात व्यक्ति के झांसे में न आएं।
पुलिस की कार्रवाई से मचा हड़कंप
पुलिस द्वारा इस ठगी गैंग का पर्दाफाश करने के बाद अन्य अवैध रूप से वसूली करने वाले बाइकर्स में हड़कंप मच गया है। पुलिस अब अन्य इलाकों में भी इसी तरह के गैंग के खिलाफ कार्रवाई करने की योजना बना रही है।
इंस्पेक्टर अरुण कुमार सिंह ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पर्याप्त सरकारी वाहन और व्यवस्थाएं की गई हैं। यदि किसी श्रद्धालु को परेशानी होती है, तो वे सीधे पुलिस या प्रशासन से संपर्क कर सकते हैं।
श्रद्धालुओं से अपील
पुलिस ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे किसी भी अनधिकृत व्यक्ति से यात्रा के लिए सौदा न करें और अधिकृत वाहनों का ही उपयोग करें। साथ ही, किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें ताकि इस तरह की घटनाओं पर पूर्ण रूप से रोक लगाई जा सके।
महाकुंभ जैसे धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों में ठगी और धोखाधड़ी की घटनाएं नई नहीं हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं को सतर्क रहने की जरूरत है। पुलिस प्रशासन भी लगातार इस तरह के अपराधों पर नजर बनाए हुए है और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है।
महाकुंभ की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन सतर्क
महाकुंभ में सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के लिए प्रशासन ने कई अहम कदम उठाए हैं। पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार मॉनिटरिंग कर रही हैं ताकि किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके। प्रमुख घाटों और स्नान स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, और पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए हैं, जहां कोई भी व्यक्ति अपनी समस्या दर्ज करा सकता है। इसके अलावा, प्रशासन ने परिवहन व्यवस्था को भी सुचारू रूप से संचालित करने के लिए कई दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
प्रयागराज में महाकुंभ के दौरान श्रद्धालुओं से ठगी करने वाले 15 बाइकर्स की गिरफ्तारी पुलिस की एक बड़ी सफलता मानी जा रही है। इस घटना से यह स्पष्ट होता है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। हालांकि, इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए श्रद्धालुओं को भी जागरूक रहना होगा और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देनी होगी।
महाकुंभ में आने वाले सभी श्रद्धालुओं को सलाह दी जाती है कि वे केवल अधिकृत परिवहन सेवाओं का ही उपयोग करें और किसी भी अनजान व्यक्ति पर भरोसा न करें। पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क है और किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी या ठगी को रोकने के लिए पूरी ताकत से काम कर रहा है।
