आजमगढ़: उत्तर प्रदेश के मंत्री संजय निषाद ने आज आज़मगढ़ में संवैधानिक अधिकार यात्रा के दौरान एक अहम बयान दिया। सहारनपुर से शुरू हुई यह यात्रा 30 नवंबर को निकली थी और आजमगढ़ पहुंचने के बाद संजय निषाद ने जनता को संबोधित किया। उन्होंने राज्य की मौजूदा स्थिति, विपक्ष की नीतियों, और आने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर कई गंभीर मुद्दों पर अपनी राय रखी।
संभल हिंसा पर निषाद का बयान
संजय निषाद ने संभल में हुई हालिया हिंसा को जांच का विषय बताया। उन्होंने कहा,
“जांच के बाद दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। पिछली सरकारों में ऐसी घटनाओं के पीछे बड़े षड्यंत्र होते थे। अखिलेश यादव की सरकार में फोन करके दंगे कराए जाते थे, जिनमें गरीब और मुसलमान मारे जाते थे।”
उन्होंने आरोप लगाया कि सपा-बसपा और कांग्रेस की सरकारों में मुसलमानों की स्थिति बेहद खराब हो गई थी। उनका दावा है कि भाजपा सरकार ने अनाज, मकान, और इलाज जैसी योजनाओं के जरिए समाज के हर वर्ग को सशक्त करने का काम किया है।
पुरातत्व विभाग और खुदाई के मुद्दे
पुरातत्व विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने विभाग को स्वतंत्र रूप से काम करने का मौका नहीं दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि,
“मुख्यमंत्री या किसी अन्य व्यक्ति के बयान के आधार पर खुदाई नहीं हो रही है, बल्कि पुरातत्व विभाग की रिपोर्ट पर यह कार्य किया जा रहा है।”
यह बयान उन अटकलों पर भी लगाम लगाता है, जिनमें भाजपा सरकार पर धार्मिक और सांस्कृतिक मुद्दों को लेकर पक्षपात करने के आरोप लगते रहे हैं।
मछुआ समाज और भाजपा से नाराज़गी
संजय निषाद ने अपने समाज के लोगों की नाराजगी पर भी बात की। उन्होंने कहा,
“मछुआ समाज जिनके साथ खड़ा रहता है, वह दल मजबूती से खड़ा रहता है। लेकिन अगर इस नाराजगी को समय रहते दूर नहीं किया गया, तो 2027 के विधानसभा चुनाव में इसका खामियाजा भाजपा को भुगतना पड़ सकता है।”
उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा की नीतियों के चलते आज मुसलमान भी उनकी पार्टी को वोट दे रहे हैं, जिससे विपक्ष की स्थिति कमजोर हो गई है।
यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) और भाजपा का एजेंडा
संजय निषाद ने उत्तराखंड में जनवरी 2025 से लागू होने वाले यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) पर भाजपा की रणनीति स्पष्ट की। उन्होंने कहा,
“यह कदम सभी नागरिकों को समान अधिकार और सम्मान देने के लिए उठाया गया है। जैसे 370 हटाया गया और राम मंदिर बना, वैसे ही समय आने पर यूपी सरकार भी UCC लागू करेगी।”
उन्होंने इसे देश में भेदभाव समाप्त करने और नागरिक समानता सुनिश्चित करने का बड़ा कदम बताया।
मुस्लिम समुदाय के लिए सरकार की योजनाएं
मुस्लिम समुदाय के लिए भाजपा सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए संजय निषाद ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा,
“विपक्ष मुसलमानों को केवल धार्मिक शिक्षा तक सीमित रखना चाहता है, जबकि हमारी सरकार चाहती है कि उनके बच्चे पढ़-लिखकर डॉक्टर और इंजीनियर बनें। इसी वजह से आज मुसलमान भाजपा को वोट दे रहे हैं।”
उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार मुस्लिम समुदाय के विकास के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं चला रही है।
संजय निषाद ने विपक्ष की राजनीति को जातीय और धार्मिक संघर्षों से प्रेरित बताया। उन्होंने कहा कि कई राजनीतिक दल जातीय संघर्ष के सहारे जिंदा हैं।
“विपक्ष की बयानबाजी केवल एक खास वर्ग को खुश करने के लिए है। लेकिन भाजपा का लक्ष्य सभी वर्गों का विकास और समाज में समानता स्थापित करना है।”
संवैधानिक अधिकार यात्रा का उद्देश्य
संवैधानिक अधिकार यात्रा का मुख्य उद्देश्य समाज के हर वर्ग को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करना है। इस यात्रा के जरिए भाजपा सरकार की उपलब्धियों और विपक्ष की विफलताओं को उजागर किया जा रहा है।
निष्कर्ष
संजय निषाद के बयान ने यह स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा सरकार 2027 के चुनावों की तैयारियों में जुट गई है। मछुआ समाज की नाराजगी और विपक्ष की कमजोर स्थिति के बीच भाजपा अपने एजेंडे पर आगे बढ़ रही है।
यूपी में मुस्लिम समुदाय को लेकर उठाए गए कदम, UCC की संभावित घोषणा, और मछुआ समाज की नाराजगी को दूर करना भाजपा के लिए प्रमुख मुद्दे बने रहेंगे।
संभल हिंसा पर निषाद का बयान
संजय निषाद ने संभल में हुई हालिया हिंसा को जांच का विषय बताया। उन्होंने कहा,
“जांच के बाद दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। पिछली सरकारों में ऐसी घटनाओं के पीछे बड़े षड्यंत्र होते थे। अखिलेश यादव की सरकार में फोन करके दंगे कराए जाते थे, जिनमें गरीब और मुसलमान मारे जाते थे।”
उन्होंने आरोप लगाया कि सपा-बसपा और कांग्रेस की सरकारों में मुसलमानों की स्थिति बेहद खराब हो गई थी। उनका दावा है कि भाजपा सरकार ने अनाज, मकान, और इलाज जैसी योजनाओं के जरिए समाज के हर वर्ग को सशक्त करने का काम किया है।
पुरातत्व विभाग और खुदाई के मुद्दे
पुरातत्व विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने विभाग को स्वतंत्र रूप से काम करने का मौका नहीं दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि,
“मुख्यमंत्री या किसी अन्य व्यक्ति के बयान के आधार पर खुदाई नहीं हो रही है, बल्कि पुरातत्व विभाग की रिपोर्ट पर यह कार्य किया जा रहा है।”
यह बयान उन अटकलों पर भी लगाम लगाता है, जिनमें भाजपा सरकार पर धार्मिक और सांस्कृतिक मुद्दों को लेकर पक्षपात करने के आरोप लगते रहे हैं।
मछुआ समाज और भाजपा से नाराज़गी
संजय निषाद ने अपने समाज के लोगों की नाराजगी पर भी बात की। उन्होंने कहा,
“मछुआ समाज जिनके साथ खड़ा रहता है, वह दल मजबूती से खड़ा रहता है। लेकिन अगर इस नाराजगी को समय रहते दूर नहीं किया गया, तो 2027 के विधानसभा चुनाव में इसका खामियाजा भाजपा को भुगतना पड़ सकता है।”
उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा की नीतियों के चलते आज मुसलमान भी उनकी पार्टी को वोट दे रहे हैं, जिससे विपक्ष की स्थिति कमजोर हो गई है।
यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) और भाजपा का एजेंडा
संजय निषाद ने उत्तराखंड में जनवरी 2025 से लागू होने वाले यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) पर भाजपा की रणनीति स्पष्ट की। उन्होंने कहा,
“यह कदम सभी नागरिकों को समान अधिकार और सम्मान देने के लिए उठाया गया है। जैसे 370 हटाया गया और राम मंदिर बना, वैसे ही समय आने पर यूपी सरकार भी UCC लागू करेगी।”
उन्होंने इसे देश में भेदभाव समाप्त करने और नागरिक समानता सुनिश्चित करने का बड़ा कदम बताया।
मुस्लिम समुदाय के लिए सरकार की योजनाएं
मुस्लिम समुदाय के लिए भाजपा सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए संजय निषाद ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा,
“विपक्ष मुसलमानों को केवल धार्मिक शिक्षा तक सीमित रखना चाहता है, जबकि हमारी सरकार चाहती है कि उनके बच्चे पढ़-लिखकर डॉक्टर और इंजीनियर बनें। इसी वजह से आज मुसलमान भाजपा को वोट दे रहे हैं।”
उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार मुस्लिम समुदाय के विकास के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं चला रही है।
संजय निषाद ने विपक्ष की राजनीति को जातीय और धार्मिक संघर्षों से प्रेरित बताया। उन्होंने कहा कि कई राजनीतिक दल जातीय संघर्ष के सहारे जिंदा हैं।
“विपक्ष की बयानबाजी केवल एक खास वर्ग को खुश करने के लिए है। लेकिन भाजपा का लक्ष्य सभी वर्गों का विकास और समाज में समानता स्थापित करना है।”
संवैधानिक अधिकार यात्रा का उद्देश्य
संवैधानिक अधिकार यात्रा का मुख्य उद्देश्य समाज के हर वर्ग को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करना है। इस यात्रा के जरिए भाजपा सरकार की उपलब्धियों और विपक्ष की विफलताओं को उजागर किया जा रहा है।
निष्कर्ष
संजय निषाद के बयान ने यह स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा सरकार 2027 के चुनावों की तैयारियों में जुट गई है। मछुआ समाज की नाराजगी और विपक्ष की कमजोर स्थिति के बीच भाजपा अपने एजेंडे पर आगे बढ़ रही है।
यूपी में मुस्लिम समुदाय को लेकर उठाए गए कदम, UCC की संभावित घोषणा, और मछुआ समाज की नाराजगी को दूर करना भाजपा के लिए प्रमुख मुद्दे बने रहेंगे।
