भीड़ में कोविड प्रोटोकाल का नियम हुआ तार-तार
फ़तेहपुर। भाइयों की कलाई पर राखी बांधने के लिए रक्षाबंधन के दिन रोडवेज बसों में भारी भीड़ दिखाई दी। शहर के रोजवेज बस स्टॉप से कानपुर, प्रयागराज, बनारस, बाँदा, घाटमपुर, लखनऊ समेत क्षेत्रीय मार्गां पर रोडवेज बसों का संचालन किया जाता है। इसके अलावा राजकीय परिवहन निगम की गैर जनपदों से होकर चलने वाली बसें जनपद से होकर जाती है। रविवार को रक्षाबंधन के पर्व को देखते हुए सभी मार्गां पर जनपद के डिपो से बसों से सभी मार्गां पर पर्याप्त बसों का संचालन किया गया। रक्षाबंधन पर्व पर अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधने के लिए बड़ी तादात में महिलाओं व गंतव्य तक पहुंचने वाले पुरुषों की भीड़ देखने को मिली। परिवहन विभाग द्वारा बसों की व्यवस्था किए जाने के बाद भी भीड़ के आगे व्यवस्थाएं बेबस नज़र आईं। गंतव्य तक पहुंचने के लिए यात्रियों को ठसाठस भरी बसों के पायदान पर बैठकर यात्रा करने पर मजबूर होना पड़ा। जैसे ही कोई बस आती लोग अपने रूट की बस देखकर बैठने की होड़ मच जाती और पल भर में बस की सभी सीटें फूल हो जाती। भीड़ के कारण छोटे छोटे बच्चों को लेकर यात्रा करने वाली महिला यात्रियों को सबसे अधिक मुश्किलों का सामना करना पड़ा। भीड़ की वजह से जेब कतरो की भी चांदी रही। भीड़ का फायदा उठाते हुई जेबकतरों ने कई यात्रियों की जेब साफ कर दी। भीषण गर्मी के बीच खचाखच भरी बसों में लोगों को यात्रा करने की मजबूरी रही ऐसे में कोरोना महामारी के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग के नियम टूटते नज़र आए। लोगो के बीच दो ग़ज़ की दूरी जैसी चीज तो दूर की बात है किसी किसी बसों में लगभग आधा सैकड़ा से अधिक स्टैंडिंग सवारियां भी दिखाई दी। रोडवेज बसों की शनिवार से शुरू हुआ भीड़ का सिलसिला रविवार देर शाम तक चलता रहा। यात्रियों से भरी बसे नियमित रूप से आती व जाती दिखाई दी।
