आजमगढ़ :- अहिरौला विकासखंड के युधिष्ठिर पट्टी ग्राम सभा के कोटेदार द्वारा राशन वितरण में अनियमितता को लेकर शिकायत की जांच में आए सप्लाई ईस्पेक्टर विकास सिंह द्वारा ग्राम सभा युधिष्ठिर पट्टी के पंचायत भवन पर ग्रामीणों का बयान दर्ज किया जा रहा था तभी गांव के ही कुछ महिलाओं एवं पुरूषों द्वारा आरोप लगाया गया कि सप्लाई इस्पेक्टर द्वारा जांच में अनियमितता की जा रही है जिन लोगों को सुचार रूप से राशन वितरण किया जाता है सिर्फ उन्ही ग्रामीणों को पंचायत भवन पर बुलाकर बयान दर्ज किया जा रहा है जबकि जिन ग्रामीणों को राशन का वितरण सही ढंग से नहीं किया जाता उनके बयान नहीं दर्ज किए जा रहे हैं गांव में पंचायत भवन पर बिगड़ता माहौल देखकर सप्लाई इस्पेक्टर विकास सिंह जांच स्थल से जांच अधूरा छोड़ कर अपने सहयोगी सौरभ कुमार को ग्रामीणों का बयान लेने के लिए निर्देशित कर वहां से भाग खड़े हुए जब मीडिया द्वारा इस संबंध में कुछ ग्रामीणों से बात किया गया तो जिन ग्रामीणों को राशन वितरण सही ढंग से नहीं किया जा रहा था उन ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कोटेदार द्वारा राशन वितरण में धांधली की जाती है जिनके राशन कार्ड में 6 यूनिट की संख्या है उनको 30 किलो राशन की बजाए 25 किलो राशन ही दिया जाता है और जब कोटेदार से इस संबंध में शिकायत की जाती है तो कोटेदार कहता है कि मैं खाद्य आपूर्ति अधिकारी एसडीएम आदि को कमीशन देता हूं वही जब इस संबंध में अन्य ग्रामीणों से राशन वितरण के संबंध में पूछा गया तो उन्होंने बताया कि कोटेदार द्वारा राशन का वितरण सही ढंग से किया जाता है राशन में कोई कटौती नहीं की जाती है राजनीतिक एवं व्यक्तिगत विरोध के कारण कुछ ग्रामीण यहां से कोटा निरस्त करवाना चाहते हैंग्रामीणों ने बताया कि अगर इस कोटेदार के यहां से राशन वितरण हटाकर किसी दूसरे को दिया जाएगा तो हमें राशन सही ढंग से नहीं मिल पाएगा क्योंकि इसके पूर्व जितने भी कोटेदार थे सब के द्वारा सही ढंग से राशन का वितरण नहीं किया जाता था वही जब राशन वितरण की अनियमितता को लेकर सप्लाई इस्पेक्टर विकास सिंह से बात की गई उन्होंने बताया कि जांच में कुछ ग्रामीणों द्वारा कोटेदार के खिलाफ शिकायत मिली है लेकिन अधिकतम संख्या में ग्रामीणों ने कोटेदार के पक्ष में बयान दिया है
