आजमगढ़। शम्भूपुर गहजी स्थित मां शारदा स्नातकोत्तर महाविद्यालय के परिसर में नवनिर्मित मां शारदा मंदिर में 10 मई से चल रहे मां शारदा की प्राण प्रतिष्ठित मूर्ति पुनः स्थापना व श्री चंडी पाठ के तीसरे दिन गुरूवार को पूजन स्थल पर श्रद्धालुओं की कतार जुटी रही। आचार्य चन्द्रबली पांडेय के संयोजकत्व में वैदिक रीति रिवाज से पूजन चल रहा है। जिससे पूरा क्षेत्र देवीमंत्रों से गूंज रहा है।
इस बावत आयोजक फौजदार सिंह ने बताया कि आजमगढ़ नगर के शारदा चौराहा के समीप वर्ष 1985 में स्थापित मां शारदा प्रतिमा की गहजी स्थित मंदिर में शुक्रवार को पुनः स्थापना की जाएगी।
आयोजन के बावत आयोजक प्रबंधक श्री सिंह ने आगे बताया कि चंडी यज्ञ के मुख्य अतिथि मां शारदा शक्ति पीठ मैहर धाम मध्य प्रदेश के पीठासीन चमत्कारी सिद्धियों के स्वामी श्री श्री 1008 श्री देवी प्रसाद जी महाराज व मैहर धाम के प्रधान पुजारी श्री पवन जी महाराज दाऊ सरकार 14 मई को आजमगढ़ पहुंचेंगे। नगर से सटे बयासी स्थित श्रीजी मैरेज हाल में विश्राम के बाद वे 16 मई को चंडी महायज्ञ में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे और यज्ञ की पूर्णाहुति के बाद मां शारदा की प्रतिमा का अनावरण करेंगे। इसके अलावा कार्यक्रम के साक्षी मां चण्डिका शक्तिपीठ बक्सर उन्नाव के संत श्री केशव दास जी महाराज, विन्ध्याचल धाम के श्री कमल जी महाराज सहित अनेक संत-महात्मा बनेंगे। वहीं यज्ञ समापन पर भजन व विशाल भंडारे का भी आयोजन किया गया है। कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर गुरूवार को बिन्दुवार चर्चा की गई और सफल आयोजन को लेकर जिम्मेदारियों सौंपी गई।
इस मौके पर दैवज्ञ दुर्वासा मंडल मुन्नाबाबा, प्रभु नारायण पांडेय प्रेमी, पंडित सुभाष चन्द्र तिवारी कुन्दन, रवि श्रीवास्तव, विद्यालय के निदेशक संजय सिंह, प्राचार्य डा दिवाकर सिंह, पंडित अशोक पाठक, पंडित हरिनाथ शास्त्री, राममिलन सिंह, हरिद्वार सिंह, डा प्रमोद मिश्रा, हरिवंश सिंह आदि मौजूद रहे।
