आजमगढ़ । दहेज उत्पीड़न जैसे गंभीर अपराधों पर नकेल कसने के लिए आजमगढ़ पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इसी क्रम में थाना महराजगंज क्षेत्र की पुलिस ने दहेज हत्या के एक मामले में वांछित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के सुपुर्द कर दिया है। पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था के प्रति आमजन का भरोसा और मजबूत हुआ है।
मामला थाना महराजगंज क्षेत्र का है, जहां दिनांक 15 अगस्त 2025 को वादी ने अपनी शिकायत में बताया था कि उसकी विवाहित पुत्री की संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही उसे दहेज की खातिर प्रताड़ित किया जाता था। तहरीर के आधार पर पुलिस ने ससुराल पक्ष के चार लोगों के विरुद्ध दहेज हत्या का अभियोग पंजीकृत किया था।
प्रकरण की विवेचना क्षेत्राधिकारी सगड़ी के अधीन की जा रही है। इस बीच पुलिस टीम को गोपनीय सूत्रों से सूचना मिली कि वांछित आरोपी अपने घर ग्राम टीकर पैठान में मौजूद हैं। सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार (IPS) के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण)/क्षेत्राधिकारी सगड़ी के पर्यवेक्षण में गठित टीम ने तेजी से घेराबंदी की और दिनांक 05 दिसंबर 2025 को सुबह लगभग 11:15 बजे सभी आरोपियों को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार अभियुक्तों में अमिय कांत दुबे उर्फ राहुल (33 वर्ष) ,पूजा दुबे पत्नी निधिकांत दुबे (28 वर्ष),रुक्मिणी देवी पत्नी प्रेमशंकर दुबे (64 वर्ष), प्रेमशंकर दुबे पुत्र स्व. सुबेदार दुबे (68 वर्ष),निवासी: ग्राम टीकर पैठान, थाना महराजगंज, जनपद आजमगढ़ के रूप में हुई है
पुलिस के अनुसार जामा तलाशी के दौरान उनके पास से कोई भी अनुचित वस्तु बरामद नहीं हुई। इसके बाद आवश्यक कार्रवाई करते हुए सभी को माननीय न्यायालय भेज दिया गया। इस मामले में पंजीकृत अभियोग मु0अ0सं0 225/2025, धारा 80(2)/85 बीएनएस एवं 3/4 दहेज प्रतिषेध अधिनियम के तहत दर्ज किया गया है।
गिरफ्तारी करने वाली टीम में प्रमुख रूप से प्र0नि0 केदारनाथ मौर्य, उ0नि0 शैलेश कुमार यादव, का0 सत्येन्द्र प्रजापति, का0 अमन सिंह यादव, का0 ऋषि कुमार, का0 राजकुमार तथा महिला कांस्टेबल दीपिका तिवारी शामिल रहीं।
दहेज के नाम पर होने वाली इस तरह की अमानवीय घटनाओं से समाज में रोष है। पुलिस की यह तत्परता पीड़ित परिवार को इंसाफ दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
