अखिलेश यादव ने विवेकानंद की जयंती पर सपा की नीति और भाजपा सरकार पर कसा तंज
लखनऊ, 12 जनवरी: समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार को लखनऊ में एक प्रेस वार्ता में भाजपा सरकार को निशाने पर लिया। उन्होंने स्वामी विवेकानंद की जयंती पर उनके विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि स्वामी विवेकानंद का यह उद्धरण विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, “धर्म से ज्यादा रोटी की जरूरत है। गरीब को धार्मिक बात समझाना गलत होगा।” अखिलेश ने यह बात समाज के कमजोर वर्ग के लिए सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कही।
अखिलेश यादव का यह बयान समाजवादी पार्टी के उस दृष्टिकोण को भी दर्शाता है, जिसमें पार्टी हमेशा गरीबों, किसानों और कमजोर वर्गों के अधिकारों की बात करती रही है। उनका कहना था कि जब तक देश में हर किसी को दो वक्त की रोटी नहीं मिल जाती, तब तक धर्म और धार्मिक मुद्दों की बात करना गलत है।
मिल्कीपुर उपचुनाव को लेकर उठाए सवाल
प्रेस वार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने यूपी के मिल्कीपुर उपचुनाव को लेकर भी भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उनका कहना था कि इस उपचुनाव के दौरान गन पॉइंट पर गड़बड़ी की गई और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अवरोध उत्पन्न किया गया। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ऐसा ही चलता रहा, तो वह अपने कार्यकर्ताओं से कहेंगे कि इस स्थिति में जो भी फैसला लेना पड़े, वह लें।
अखिलेश ने कहा, “यह लोकतंत्र के लिए एक काला धब्बा है। हम अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को कहेंगे कि जब गन पॉइंट पर चुनाव कराया जा रहा हो, तो वे किसी भी प्रकार का निर्णय लेने के लिए स्वतंत्र हों।” उन्होंने इस मुद्दे को लेकर भाजपा की लोकतांत्रिक प्रक्रिया को कमजोर करने के आरोप लगाए।
इंडिया गठबंधन पर दिया जोर
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष ने इस अवसर पर इंडिया गठबंधन को लेकर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि “इंडिया गठबंधन मजबूत है और मजबूत रहेगा।” उन्होंने कहा कि जो क्षेत्रीय दल भाजपा के खिलाफ खड़े हैं, उन्हें एकजुट होकर भाजपा के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करनी चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से उत्तर प्रदेश में सपा की भूमिका पर जोर दिया और कहा कि भाजपा को हराने के लिए क्षेत्रीय दलों का एकजुट होना जरूरी है।
अखिलेश यादव ने इस संदर्भ में यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश में सपा को मजबूत करना इस समय सबसे जरूरी है। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह केवल केंद्रीय सत्ता के बल पर राज्य सरकारों को दबाने की कोशिश कर रही है, लेकिन यह रणनीति लंबे समय तक सफल नहीं होगी।
कन्नौज रेलवे स्टेशन हादसे पर उठाया सवाल
इससे पहले, अखिलेश यादव ने कन्नौज रेलवे स्टेशन पर हुए हालिया हादसे पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि यह हादसा रेलवे विभाग के भ्रष्टाचार और भाजपा के महालालच का परिणाम है। अखिलेश ने आरोप लगाया कि सरकार ने ठेके देने के मामले में कमीशनखोरी की है और ठेकेदार ठेके लेकर किसी और को दे देते हैं, जिससे निर्माण कार्य में गुणवत्ता की भारी कमी आ जाती है। उनका कहना था कि इस तरह के कामों में न तो गुणवत्ता होती है और न ही सुरक्षा का ध्यान रखा जाता है, जिसके परिणामस्वरूप ऐसे हादसे होते हैं।
अखिलेश ने सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को उठाया और लिखा, “रेलवे विभाग का हादसा भाजपा के महा भ्रष्टाचार के महालालच के कारण हुआ है। ठेकेदार ठेका लेकर किसी और को दे देते हैं, जिसके बाद काम में कोई गुणवत्ता नहीं रहती।”
सरकार पर लगाया आरोप
अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाया कि ठेकेदार ठेके लेने के बाद किसी और को काम सौंप देते हैं, जिससे काम की गुणवत्ता में भारी गिरावट आती है। उन्होंने कहा, “इस तरह के ठेकेदार बिना काम किए अपना लाभ कमाकर निकल जाते हैं, जबकि काम में जानलेवा निर्माण कार्य किए जाते हैं, जिनमें न तो क्वॉलिटी होती है, न ही सुरक्षा का ध्यान रखा जाता है।”
उन्होंने कहा कि इसके कारण सरकारी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और सुरक्षा की उपेक्षा की जाती है, जिसके परिणामस्वरूप दुर्घटनाएं होती हैं, जैसे कि कन्नौज रेलवे स्टेशन पर हुआ हादसा।
घायलों को मुआवजा देने की मांग
कन्नौज रेलवे स्टेशन पर हुए हादसे को लेकर अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार से मुआवजे की मांग की। उन्होंने कहा, “इस हादसे में घायल हुए लोगों के परिवारों को तत्काल मुआवजा दिया जाए और जिम्मेदारी तय की जाए। भाजपा सरकार को इस हादसे का जिम्मेदार मानते हुए त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए।”
अखिलेश ने इस मामले में सरकार से शीघ्र न्याय की मांग की और कहा कि जब भी सरकार की तरफ से ऐसी घटनाओं के बाद कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाते, तब यह केवल एक राजनीतिक बयानबाजी बनकर रह जाता है। उन्होंने कहा कि केवल घोषणाओं से काम नहीं चलता, वास्तविक कार्यवाही की जरूरत है।
सपा के नजरिए को समझाया
प्रेस वार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने समाजवादी पार्टी के नजरिए को भी स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि सपा हमेशा गरीबों, मजलूमों और किसानों के हक की आवाज उठाती रही है। उन्होंने कहा, “हमारी पार्टी का उद्देश्य हमेशा से ही समाज के हर वर्ग को न्याय दिलाना है, और हम इस रास्ते पर आगे भी चलेंगे।”
अखिलेश ने कहा कि समाजवादी पार्टी का हर निर्णय जनता के भले के लिए होता है और पार्टी की नीतियां हमेशा लोगों के हित में होती हैं।
