जयकारों के बीच पण्डालों में पहुंची मां दुर्गा की मूर्तियां

विधि-विधान के बीच आज होगी प्राण प्रतिष्ठा
 देर रात तक पण्डालों को अन्तिम रूप देने में जुटे रहे युवा
मां दुर्गा की मूर्ति उठाते श्रद्धालु एवं पटेलनगर चौराहे पर तैयार पण्डाल का दृश्य।
फतेहपुर। शारदीय नवरात्र रविवार से शुरू हो रहे हैं। जो इस वर्ष पूरे नौ दिनों तक चलेंगे। नवरात्र पर्व को लेकर मां दुर्गा कमेटियों द्वारा पण्डालों को पिछले चार दिनों से सजाया जा रहा है। उनकी इस मेहनत पर इन्द्र देवता ने पानी तो फेर दिया है लेकिन भक्तों के उत्साह में कोई कमी नहीं दिख रही है। शनिवार को आर्डर पर दी गयी मूर्तियों को अलग-अलग कमेटियों के जिम्मेदार लोग ट्रैक्टर, पिकअप में लादकर जयकारे लगाते हुए निर्धारित पण्डालों तक पहुंच गये। कल (आज) इन मूर्तियों को पूजा-अर्चना के बाद प्राण प्रतिष्ठा की जायेगी। तत्पश्चात प्रथम दिन शैलपुत्री की आरती होगी।
बताते चलें कि जगत जननी मां शेरावली के रूप में मनाये जाने वाले नवरात्र पर्व को लेकर दुर्गा कमेटियों द्वारा प्रतिवर्ष पश्चिम बंगाल से आने वाले कारीगरों को मूर्तियां बनाने का आर्डर दे देते हैं। लगभग चार माह तक कारीगर दिये हुए आर्डरों के अनुसार मां दुर्गा की प्रतिमाओं को बड़ी मेहनत से तैयार करते हैं। शारदीय नवरात्र शनिवार को पितृ विसर्जन के बाद रविवार से शुरू हो रहे हैं। नवरात्र पर्व को लेकर कमेटियों द्वारा लगभग पांच-छह दिन पहले से निर्धारित पण्डालों को सजाने का काम शुरू कर दिया जाता है जो इस वर्ष भी शुरू हो गया है। पिछले चार दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश के चलते दुर्गा पण्डालों की साज-सज्जा में बाधा तो आयी है लेकिन उत्साही मां अंबे के भक्तों द्वारा बाधाओं को चीरते हुए पूजा-अर्चना की तैयारियों में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। शनिवार को दूसरे पहर से ही शहर सहित ग्रामीण इलाकों की दुर्गा कमेटियों के इंतजामकारों द्वारा अपने-अपने आर्डर की मूर्तियां पण्डालों तक पहुंचाये जाने का सिलसिला देर रात तक जारी रहा। मूर्तियां ले जाने वाले भक्त जगत-जननी मां के जयकारे लगाते रहे। उधर समाजसेवी एवं पक्का तालाब निवासी राजकुमार साहू द्वारा कसेरूवा, मंदौरा, भिटौरा, मुहद्दीपुर, हाजीपुर, औढ़ेरा समेत लगभग दर्जन भर गांवों में मां दुर्गा की मूर्तियां अपने खर्चे से लगवायी हैं। इतना ही नहीं श्री साहू ने दर्जन भर अन्य गांवों में भी अपने सहयोग से मूर्तियां स्थापित करवायी हैं। गन्तव्य तक मूर्तियां पहुंचाये जाने वालों में रमेश पटेल, सनी साहू, गुड्डू गुप्ता आदि रहे।

0Shares
Total Page Visits: 686 - Today Page Visits: 1

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *